संजय शेफ़र्ड— लेखक और घुमक्कड़। देश-दुनिया में कभी मतलब तो कभी बेमतलब घूमते रहते हैं। कुछ साल पहले तक घूमना शौक़िया शुरू हुआ था पर धीरे-धीरे यह इनका पैशन बन गया। जन्म गोरखपुर में हुआ। शुरुआती शिक्षा नवोदय विद्यालय से प्राप्त की। फिर मास कम्यूनिकेशन में बैचलर और मास्टर्स करने के बाद बालाजी टेलीफ़िल्म, रेडियो मिर्ची और बीबीसी ट्रेवल में काम किया।
साल 2023 में प्रकाशित हुआ इनका उपन्यास ‘ज़िंदगी ज़ीरो माइल’ पाठकों के बीच ख़ूब सराहा गया। ‘विष्णु प्रभाकर साहित्य सम्मान 2024’ से सम्मानित। वर्तमान में घुमक्कड़ी और स्वतंत्र रूप से लेखन करते हैं।